मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में औद्योगिक विकास को मिली नई गति
औद्योगिक पार्क प्रोत्साहन नीति-2026 से बनेगा बेहतर ईको-सिस्टम
बनेंगे औद्योगिक पार्क-बढ़ेगा निवेश-मिलेगा रोजगार
जयपुर, 25 मार्च। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के कुशल नेतृत्व में प्रदेश में औद्योगिक विकास को नई गति मिली है। राज्य सरकार द्वारा 34 से अधिक नीतियां लागू की गई हैं, जिससे प्रदेश में निवेश के लिए बेहतर ईको-सिस्टम बन रहा है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, अनुमोदन प्रक्रिया का सरलीकरण जैसे विभिन्न निर्णयों से प्रदेश का उद्योगिक परिदृश्य बदला है। इसी क्रम में सरकार द्वारा राजस्थान औद्योगिक पार्क प्रोत्साहन नीति-2026 लाई गई है, जिससे विश्व स्तरीय औद्योगिक पार्कों का विकास होगा तथा राजस्थान देश-विदेश में विश्वसनीय एवं फ्यूचर रैडी इंडस्ट्रियल डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित होगा।
औद्योगिक पार्क प्रोत्साहन नीति यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के राइजिंग, रिलायबल एण्ड रिसेप्टिव राजस्थान के दृष्टिकोण के अनुरूप प्रदेश में औद्योगिक निवेश के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने का प्रयास है। साथ ही, ये नीति मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को भी पूरा करने में मददगार साबित होगी। इस नीति के तहत विश्वस्तरीय औद्योगिक पार्कों का विकास, भूमि-जल-ऊर्जा संसाधनों का वैज्ञानिक एवं सतत उपयोग तथा लॉजिस्टिक्स सुविधाएं को भी प्रोत्साहित किया जाएगा। इससे निवेश को प्रोत्साहन, रोजगार सृजन तथा सभी क्षेत्रों का संतुलित विकास भी सुनिश्चित होगा।
चार मॉडल से होगा औद्योगिक पार्कों का विकास
इस नीति के अंतर्गत निजी क्षेत्रों में औद्योगिक पार्कों को चार विकास मॉडलों पर विकसित किया जाएगा। मॉडल-ए में रीको द्वारा आवंटित भूमि पर पूरी तरह निजी डेवलपर द्वारा विकास किया जाएगा। वहीं, मॉडल-बी के अंतर्गत औद्योगिक पार्क के लिए 80 प्रतिशत भूमि विकासकर्ता द्वारा एवं शेष 20 प्रतिशत भूमि रीको द्वारा निर्धारित दरों पर उपलब्ध कराई जाएगी। इसी तरह, मॉडल-सी के तहत पार्क के लिए संपूर्ण भूमि की विकासकर्ता द्वारा व्यवस्था की जाएगी तथा मॉडल-डी पीपीपी मॉडल पर आधारित होगा। नीति के तहत निजी क्षेत्र में औद्योगिक पार्कों के लिए कम से कम 50 एकड़ क्षेत्रफल तथा न्यूनतम 10 औद्योगिक इकाइयों की स्थापना अनिवार्य होगी।
हरित विकास को मिलेगा बढ़ावा
औद्योगिक पार्क तक बुनियादी ढांचे का होगा सुदृढ़ीकरण
सिंगल विंडो क्लीयरेंस से आवेदनों का होगा समयबद्ध निस्तारण










