रायबरेली से एक भावनात्मक और ऐतिहासिक क्षण सामने आया, जब लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को उनके दादा एवं पूर्व सांसद फिरोज गांधी का दशकों पुराना ड्राइविंग लाइसेंस सौंपा गया। यह दुर्लभ दस्तावेज़ उत्तर प्रदेश के रायबरेली में उनके संसदीय दौरे के दौरान उन्हें प्रदान किया गया, जिसने वहां मौजूद लोगों को भावुक कर दिया।

रायबरेली प्रीमियर लीग के आयोजक मंडल के सदस्य विकास सिंह ने मंच पर राहुल गांधी को यह ड्राइविंग लाइसेंस सौंपा। विकास सिंह ने बताया कि वर्षों पहले एक कार्यक्रम के दौरान उनके ससुर को यह लाइसेंस अचानक मिला था, जिसे परिवार ने एक अमानत की तरह सहेजकर रखा। ससुर के निधन के बाद उनकी सास ने भी इसे संभालकर रखा और राहुल गांधी के रायबरेली आगमन की सूचना मिलने पर इसे उन्हें लौटाने की इच्छा जताई।

जैसे ही राहुल गांधी ने लाइसेंस को देखा, वे कुछ पल उसे निहारते रहे और तुरंत उसकी एक तस्वीर अपनी मां सोनिया गांधी को सोशल मीडिया के माध्यम से भेजी। इसके बाद उन्होंने उस ऐतिहासिक दस्तावेज़ को अपने पास रख लिया।
उल्लेखनीय है कि फिरोज गांधी का जन्म दिसंबर 1912 में हुआ था। उन्होंने वर्ष 1952 में हुए स्वतंत्र भारत के पहले लोकसभा चुनाव में रायबरेली से जीत दर्ज की थी। उनका निधन 7 सितंबर 1960 को हुआ था। यह घटना न केवल गांधी परिवार के लिए बल्कि रायबरेली के लोगों के लिए भी इतिहास और भावनाओं से जुड़ा एक खास क्षण बन गई।









